अर्ज सुणो अजमाल सुत रामा लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
अर्ज सुणो अजमाल सुत रामा लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

अर्ज सुणो अजमाल सुत रामा araj suno ajmal sut rama sankat meto



अर्ज सुणो अजमाल सुत रामा,
संकट मेटो मेरा स्‍याम धणी ।।टेर।।


गणपत सेव थारी सांची, 

राजी होय दिवी समझ धणी ।

राम कंवर रा चरण परसतां, 

शरणे आया मारे भली बणी ।।१।।


दुख मेटण दुनिया रा देवा, 

सायरो साध समन्‍दो सुणी ।

बाई तनो जिवायो बालक, 

कर प्रकट थारी कला धणी ।।२।।


पीड़ पेटरी पीरजो पालो, 

परसण होय पुकार सुणी।

आवो तंवरारा तिलक संतारा तारण, 

सत सिवरण आराध धणी ।।३।।


मोटो बिरद रावालो बालो, 

मोहर छाप मारे धणियां तणी ।

धणी होय धणीयाप दिखायो, 

साय करो थारे संता तणी ।।४।।


चाकर चूक गुना बख्‍सावो, 

भालो निजर मां पर मेर धणी।

कह लिखमा ओलगु अजमालरा, 

सन्‍मुख होय मारी साध सुणी ।।५।।

लोकप्रिय पोस्ट

मैंने तेरे ही भरोसे हनुमान सागर में नैया डार दई भजन maine tere hi bharose Hanuman sagar me naiyya dar dayi bhajan

मैंने तेरे ही भरोसे हनुमान, सागर में नैया डार दई  ।।टेर।। काहे की या नाव बनाई , काहे की पतवार। रामा काहे की लगा दी जंजी...